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Bureau Report
बिश्रामपुर। ग्राम पंचायत कैलाशपुर और राजापुर के बीच बेलसोता नाला पर स्थित जर्जर पुल को लेकर अब निर्माण एजेंसी और स्वामित्व से जुड़ा नया तथ्य सामने आया है। लंबे समय से इस पुल को प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना से संबंधित माना जा रहा था, लेकिन छत्तीसगढ़ ग्रामीण सड़क विकास अभिकरण, परियोजना क्रियान्वयन इकाई सूरजपुर के कार्यपालन अभियंता के जवाब में बताया गया है कि बेलसोता नाला का पुल पूर्व में एसईसीएल द्वारा निर्मित कराया गया था।सीएम हेल्पलाइन 1076 में दर्ज शिकायत के जवाब में 31 अगस्त को जारी पत्र में विभाग ने बताया कि यह पुल वर्ष 2025 में क्षतिग्रस्त हुआ है। वहीं नए पुल के निर्माण के लिए एसईसीएल द्वारा लोक निर्माण विभाग सेतु को एनओसी दिए जाने तथा पुल को विभाग की कार्ययोजना में शामिल किए जाने की जानकारी दी गई है।
योजना में शामिल, निर्माण अभी दूर
नई पुलिया के निर्माण को फिलहाल लोक निर्माण विभाग सेतु की कार्ययोजना में शामिल किया गया है। ऐसे में स्वीकृति, तकनीकी प्रक्रिया, निविदा और अन्य औपचारिकताएं पूरी होने के बाद ही निर्माण शुरू होने की संभावना है। इसके चलते ग्रामीणों को तत्काल राहत मिलने के आसार कम नजर आ रहे हैं।

बेलसोता नाला पुल के क्षतिग्रस्त होने से राजापुर सहित आसपास के करीब दर्जनभर गांवों के लोगों को आवागमन में परेशानी हो रही है। बारिश के दौरान नाले में पानी बढ़ने से जर्जर पुल से गुजरना जोखिमपूर्ण हो जाता है। वैकल्पिक मार्ग भी ग्रामीणों के लिए सुविधाजनक नहीं होने से उन्हें अतिरिक्त दूरी तय करनी पड़ रही है।
वैकल्पिक व्यवस्था की मांग
पुल की जर्जर स्थिति को लेकर कांग्रेस जिलाध्यक्ष शशि सिंह भी कलेक्टर के माध्यम से पुनर्निर्माण के साथ ग्रामीणों के लिए तत्काल वैकल्पिक आवागमन व्यवस्था की मांग कर चुकी हैं। ग्रामीणों का कहना है कि नई पुलिया का निर्माण जल्द से जल्द कराया जाए और निर्माण पूरा होने तक सुरक्षित वैकल्पिक मार्ग उपलब्ध कराया जाए, ताकि बारिश के दौरान किसी बड़े हादसे की आशंका न रहे।
अब ग्रामीणों की नजर इस बात पर है कि कार्ययोजना में शामिल हो चुके पुल के निर्माण की प्रक्रिया कब शुरू होती है और उन्हें स्थायी राहत कब मिलती है।










